by Kavi Pankaj Shashtri | Jan 27, 2019 | Uncategorized
जब दिमाग सब्जी पकती है तो सबकी खिचड़ी खराब हो जाती है काश सब सभी के बारे में अच्छा सोचते तो न दाल काली होती और न...
by Surya Deep | Jan 27, 2019 | Uncategorized
कितने प्यारे हैं ये पेड़ सब के मन को भाते हैं परोपकार की भावना इनमें सब को छाया देते हैं जब इनमें लगते हैं फल सबका जी ललचाता है नहीं पुछते कभी ये हमसे क्यों मेरे फल खाते हो ? सबको देते हैं शुद्ध हवा तन को स्वस्थ बना देता है जब चलती है ठंडी हवा सबको राहत मिलती है पेड़ों...
by Satyadeep Trivedi | Jan 26, 2019 | Uncategorized
वसंत का आरंभ था।। कनेर की एक मोटी,मजबूत डालदेख कर, मधुछत्र डाल दिया गया।। मधुमक्खियां दूने उत्साह से काम कर रही थीं।। छोटे-बड़े असंख्य फूलों से मकरंद चूसा गया।। दिन रात एक हो गए।। लंबे समय से चली आ रही मेहनत-मशक्कत ने मूर्त रूप लिया और छत्ता बनके तैयार हुआ।। भारी भरकम...
by Mahesh Tiwari | Jan 26, 2019 | Uncategorized
संविधान की प्रस्तावना की शुरुआत होती है, हम भारत के लोग। इसका निहितार्थ यहीं है, कि कश्मीर से लेकर कन्याकुमारी तक और कच्छ से लेकर असम तक हम सब एक है। ऐसे में जब हम गणतंत्र दिवस इस वर्ष मनाने जा रहें। फ़िर हमें विचार करना चाहिए, कि क्या हम सभी वास्तव में एक है। फ़िर वह...
by Sanskriti Verma | Jan 26, 2019 | Uncategorized
You’re not alone,You’re not a mess,You’re not broken.You’re healing,You’re growing,You’re becoming bold,fearless, powerful,kind, loving,passionate and morewarm than cold.So take small steps,Don’t be afraid,Bid farewell to your...
by Kumar Gaurav | Jan 26, 2019 | Uncategorized
सबको हो गणतंत्र मुबारक, तंत्र के सजग गंण बने हम बन सजग तंत्र के जागृत नागरिक हक के संग कर्तव्य निभाएं सत्य निष्ठा जागृत मन से सब अपने अपने फर्ज निभायें तब होवे गणतंत्र मुबारक सबको हो गणतंत्र मुबारक || ~कुमार...