खानदान 92

खानदान 92

सुनीता ने अपने पिताजी को रामलालजी के विषय में ख़बर कर दी थी, और मुकेशजी और अनिताजी दर्शनाजी से मिलकर रामलालजी की तेरहवीं से पहले ही चले गए थे। इतने बड़ा उद्योगपति परिवार होने के बावजूद भी.. रामलालजी की तेरहवीं के विषय में किसी भी जानकार को न ही सूचित किया गया था.. और...
खानदान 92

खानदान 91

“ संपत्ति के बारे में कोई बात नहीं करेगा!”। दर्शनाजी ने रामलालजी के जाने के बाद अगले दिन अपनी जायदाद को लेकर कहा था.. कि गाँव की ज़मीन को लेकर अभी कोई भी बातचीत नहीं होगी। फ़िर रामलालजी की याद में थोड़े आँसू भी बहाए थे.. जिनका कोई भी मोल नहीं लग रहा था।” मैथी का आधा...
खानदान 92

खानदान 90

इतनी बीमारी में और जिसमें की ख़ुद को होश नहीं था.. रामलालजी विनीत के साथ बैंक के चक्कर काट रहे थे। हालात यह हो गई थी.. कि रामलालजी विनीत के साथ गाड़ी में बैठकर बोलते चले जाते थे.. और पता रामलालजी को लग ही नहीं रहा था.. कि वे क्या बोले जा रहें हैं। कमाल ही था.. सब कुछ...
खानदान 92

खानदान 89

रामलालजी के विनीत के पास बार-बार फ़ोन आ रहे थे.. फ़ोन पर आवाज़ सुनकर ही रामलालजी की तबीयत बहुत ख़राब लग रही थी.. विनीत अगले दिन के लिये ही अस्पताल रवाना हो गया था। इधर रमेश दर्शनाजी की सारी ज़मीन का सौदा कर बैठा था.. अब दर्शनाजी का पीछे कुछ भी नहीं बचा था।  लगभग...
कानू और टॉफ़ी

कानू और टॉफ़ी

नान नानी की कहानी आ दादा दादी की कहानी आ जब हम छोटे थे, तो हमें बहुत अच्छी तरह से याद है.. कि हम टेलीविज़न पर दादा दादी की कहानी नाम का सीरियल देखते थे। अब हमें औरों का तो पता नहीं..  पर भई! हमारा तो पसंदीदा कार्यक्रम हुआ करता था.. और उन दिनों अशोक कुमार जी को...
खानदान 92

खानदान 88

ऑटो वाला घर के दरवाज़े पर आ गया था। पर कमाल की बात तो यह थी, कि श्रीमतीजी अपने काम में व्यस्त थीं.. उन्हें यह पता ही नहीं चला.. कि उनके पतिदेव जो पहले से ही बीमार चल रहे हैं.. कहीं जाने की तैयारी में हैं। सुनीता देखती ही रह गई थी.. कि ससुरजी को कोई रोकने वाला ही घर...