व्यापार

आज के व्यापारिक युग में, बिकने की ही होड़ लगी है बिक रहे सब औने पौने | हर युवा व्यापार हो गया, जो बिका वो पाया ठौर ठिकाने, बिना बिका बेकार हो गया || ~ कुमार...

ज़िन्दगी

ऐ जिन्दगी तू मेरा कितना ख्याल रखती है, कहीं खुद से खुदगर्ज न हो जाऊं, कहीं मुश्किलों में बिखर न जाऊं, इसलिये तू हर कदम मुझे परखती रहती है | ~कुमार...

इंसानियत

अब बोलो कौन सी एकेडमी बनायी जाये, जहाँ इंसान को इंसानियत सिखाई जाये | दर्द से परेशान इंसान को मदद का हाथ चाहिए, हांथ उठते हैं पर ये सोंच कि चलो एक वीडियो बनाई जाये | ~कुमार...