स्वामी अनेकानंद भाग 59

स्वामी अनेकानंद भाग 59

आने वाले चुनावों का प्रचार प्रसार जोर पकड़ता चला जा रहा था। बबलू और पल्लवी जी जान से चुनाव की तैयारी में जुटे थे। आने वाले इतवार को पल्लवी ने पूरी बंबई में नारी शक्ति सभाओं का किया था। पूरा प्रोग्राम तीन भागों में बंटा था। एक भाग पल्लवी देख रही थी तो दूसरा भाग बबलू के...
स्वामी अनेकानंद भाग 59

स्वामी अनेकानंद भाग 58

इतवार का दिन था। छुट्टी थी। सब शांत था। लेकिन कल्लू के दिल दिमाग में आज तूफान उठने बैठने लग रहे थे। वह पूरी तरह से आंदोलित था। उसे भी अब राम लाल की तरह एक चेला तैयार करना था। वह होटल के कमरे में पहुंचा था तो किशोर कामलीवाल उसे भाई के तैयार किए परिधान में सजा वजा मिला...
स्वामी अनेकानंद भाग 59

स्वामी अनेकानंद भाग 57

तोचीगढ़ में आकर तांगा रुका था तो आनंद खबरदार हो गया था। सबसे पहले आनंद को चिंता हुई थी कि उसने जो बेशकीमती जूते पहने थे, तांगे से उतर कर जमीन पर पड़ते ही मैले हो जाएंगे। गांव के लोग तांगे के आस पास इकट्ठे हो गए थे। सभी ने मन में मान लिया था कि वो कोई अजनबी नहीं बंबई...