“क्यों?” मैंने इस तरह पूछा है जिस तरह कोई जुड़ा तारतम्य काट डाला हो। “इसलिए – तुम्हारे पास पैसा है और अक्ल है, मेरे पास अक्ल है और पुल” “पुल ..?” मैं जैसे समूचे ज्ञान से परिचित होना…