बिछड़ते वक्त हम
दोनो की आँखो
मे आँसू थे।
चल पड़े थे हम
अपनी अपनी ड़गर।
फिर अचानक
मुड़ कर कहा था।
तूने,”सुनो,एक बार
मुस्करा दो”।
और
मुस्करा दी थी मै।
आखिर बात तुम्हारी
खुशी की थी
Surinder kaur
बिछङते वक्त


बिछड़ते वक्त हम
दोनो की आँखो
मे आँसू थे।
चल पड़े थे हम
अपनी अपनी ड़गर।
फिर अचानक
मुड़ कर कहा था।
तूने,”सुनो,एक बार
मुस्करा दो”।
और
मुस्करा दी थी मै।
आखिर बात तुम्हारी
खुशी की थी
Surinder kaur