by Major Krapal Verma | Apr 8, 2025 | रजिया
“गोट ए बॉडी ऑफ स्टील।” मिष्टी ने मुझे घूरा था। “वॉट आर द मैसिव मसल्स यार।” मिष्टी की आंखों में आश्चर्य खेल रहा था। मैं रग्बी ग्राऊंउ की घास पर पड़ी कुर्सी पर बैठा था। मेरा शरीर पसीने में तर-बतर था। सामने पड़े स्टूल पर मिष्टी आ कर बैठ गई थी। आज...
by Major Krapal Verma | Apr 8, 2025 | रजिया
न चाहते हुए भी जालिम सर रॉजर्स के लिए एक सच्ची संभावना बनता ही चला जा रहा है। उन्हें नींद नहीं आ रही है। वो बैचैन हैं। परछाइयां बार-बार आती हैं और जालिम का भूत बन कर सामने खड़ी हो जाती हैं। तारा मण्डल की तरह अमेरिका, फ्रांस, जर्मनी और इंग्लैंड उनकी आंखों के सामने घूम...
by Major Krapal Verma | Apr 1, 2025 | रजिया
सर रॉजर्स अकेले बैठे थे। उनका मन उदास था। उन्हें लग रहा था कि वो जीवन के जूए में लुट गए थे और सब कुछ हार बैठे थे। आज यूं सोफी का जालिम से जंग लड़ने का किया संकल्प उन्हें अच्छा भी लगा था और बुरा भी। अच्छा तो इसलिए कि सोफी अमेरिका के लिए लड़ेगी, अमेरिका के दुश्मन जालिम...